बदायूं UP : मुख्यमंत्री ग्राम परिवहन योजना को रफ्तार, गांव गांव जल्द दोड़ेंगी मिनी बसें 20 से अधिक बसों के संचालन की तैयारी पूरी

UP समाचार न्यूज़ /खबर बदायूं यूपी..
रिपोर्ट आकाश सक्सेना 



संक्षेप 

बदायूं जिले में ग्रामीण क्षेत्रों को बेहतर परिवहन सुविधा से जोड़ने के लिए मुख्यमंत्री ग्राम परिवहन योजना के तहत 20 से अधिक मिनी बसों के संचालन की तैयारी की जा रही है। 21 बस संचालकों ने टेंडर प्रक्रिया में भाग लिया है, जिसकी स्क्रीनिंग 13 अप्रैल तक पूरी होगी। इसके बाद चयनित संचालक बसें खरीदकर मई से ग्रामीण रूटों पर संचालन शुरू करेंगे। इससे ग्रामीणों को सस्ती और सुगम यात्रा का लाभ मिलेगा।

Advertisment..



यूपी समाचार न्यूज़ बदायूं। जिले के ग्रामीण इलाकों को सुगम और सस्ती परिवहन सुविधा से जोड़ने की दिशा में प्रशासन ने ठोस कदम बढ़ा दिए हैं। मुख्यमंत्री ग्राम परिवहन योजना के तहत गांव-गांव मिनी बसों के संचालन की तैयारी अंतिम चरण में पहुंच गई है। योजना के तहत 20 से अधिक बसों को विभिन्न ग्रामीण रूटों पर चलाया जाएगा, जिससे हजारों ग्रामीणों को राहत मिलने की उम्मीद है।

जिले के कई ऐसे गांव हैं, जहां से जिला मुख्यालय तक सीधी बस सेवा उपलब्ध नहीं है। इन क्षेत्रों के लोगों को मजबूरन डग्गामार वाहनों का सहारा लेना पड़ता है, जिससे न केवल समय की बर्बादी होती है, बल्कि अधिक किराया भी देना पड़ता है। नई बस सेवा शुरू होने से इस समस्या से निजात मिलेगी।

Advertisment...



परिवहन विभाग के अनुसार, योजना के अंतर्गत बस संचालन के लिए 21 इच्छुक संचालकों ने टेंडर प्रक्रिया में हिस्सा लिया है। इन आवेदनों की स्क्रीनिंग 13 अप्रैल तक पूरी कर ली जाएगी। इसके बाद चयनित संचालकों को निर्धारित मानकों के अनुरूप बसों की खरीद करनी होगी।

योजना के तहत 15 से 28 सीटों वाली, अधिकतम 7 मीटर लंबाई की बसों को अनुमति दी जाएगी। इनमें डीजल, सीएनजी और इलेक्ट्रिक वाहनों को शामिल किया गया है। बसों की अधिकतम आयु पंजीयन तिथि से 8 वर्ष निर्धारित की गई है, जबकि अनुबंध अवधि 10 वर्ष की होगी, जिसे आवश्यकता पड़ने पर 5 वर्ष तक बढ़ाया जा सकेगा।
Advertisment..



ग्रामीण रूटों पर संचालित होने वाली ये बसें प्रतिदिन दो चक्कर लगाएंगी, जिससे यात्रियों को नियमित और भरोसेमंद सेवा मिल सकेगी। परिवहन विभाग जल्द ही रूट और किराए का निर्धारण भी करेगा।

एआरएम राजेश पाठक ने एवं एआरटीओ हरिओम नें बताया कि टेंडर प्रक्रिया पूरी होते ही चयनित संचालक बसों की खरीद करेंगे और इसके बाद चरणबद्ध तरीके से संचालन शुरू कर दिया जाएगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि मई माह से ग्रामीण क्षेत्रों में बस सेवा शुरू हो जाएगी।वहीं ए आरटीओ हरिओम नें बताया कि इस योजना में परमिट की कोई बाध्यता नहीं रहेगी,जिससे ज्यादा से ज्यादा लोग इस योजना जुड़ सकेंगे 
Advertisment 



इस पहल से जहां ग्रामीणों की आवाजाही आसान होगी, वहीं स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के अवसर भी सृजित होंगे।

Post a Comment

Previous Post Next Post